क्रिकेट में कुछ पल ऐसे होते हैं जो हमेशा के लिए इतिहास में दर्ज हो जाते हैं। 9 अप्रैल 2023 की शाम अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में भी ऐसा ही एक पल आया, जब कोलकाता नाइट राइडर्स के Rinku Singh 5 sixes ने पूरे क्रिकेट जगत को हैरान कर दिया। आखिरी ओवर में 29 रन चाहिए थे, सामने थे गुजरात टाइटंस के गेंदबाज यश दयाल, और रिंकू सिंह ने लगातार पांच गेंदों पर पांच छक्के जड़कर नामुमकिन को मुमकिन कर दिखाया। यह IPL के इतिहास के सबसे अविश्वसनीय फिनिश में से एक है, जिसे आज भी “लॉर्ड रिंकू” के नाम से याद किया जाता है।
मैच की पृष्ठभूमि: गुजरात का विशाल स्कोर
यह IPL 2023 का 13वां मैच था। गुजरात टाइटंस ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवरों में 204 रन बनाए थे। विजय शंकर ने सिर्फ 24 गेंदों पर नाबाद 63 रन ठोके थे, जबकि साई सुदर्शन ने 53 रनों का योगदान दिया था। लक्ष्य का पीछा करते हुए KKR की शुरुआत अच्छी नहीं रही, लेकिन इम्पैक्ट प्लेयर के तौर पर आए वेंकटेश अय्यर ने 40 गेंदों पर 83 रनों की शानदार पारी खेली। कप्तान नितीश राणा ने भी 45 रन बनाए और दोनों के बीच शतकीय साझेदारी हुई।

राशिद खान की हैट्रिक ने पलटा था मैच
जब लग रहा था कि KKR आसानी से लक्ष्य हासिल कर लेगी, तभी गुजरात के कार्यवाहक कप्तान राशिद खान ने 17वें ओवर में हैट्रिक लेकर मैच का रुख ही बदल दिया। उन्होंने आंद्रे रसेल, सुनील नरेन और शार्दुल ठाकुर को लगातार गेंदों पर आउट किया। यह IPL 2023 की पहली हैट्रिक थी। KKR का स्कोर 7 विकेट पर 155 रन हो गया था और गुजरात की जीत लगभग पक्की लग रही थी।
आखिरी ओवर का रोमांच: 29 रन का समीकरण
आखिरी ओवर में KKR को जीत के लिए 29 रन चाहिए थे। गेंद यश दयाल के हाथ में थी। ओवर की पहली गेंद पर उमेश यादव ने एक रन लेकर स्ट्राइक रिंकू सिंह को दे दी। अब समीकरण था 5 गेंदों पर 28 रन, यानी लगभग हर गेंद पर छक्का। रिंकू ने इसके बाद जो किया, वह क्रिकेट इतिहास में सुनहरे अक्षरों में लिखा गया।
- पहला छक्का: फुल टॉस गेंद को एक्स्ट्रा कवर के ऊपर से भेजा।
- दूसरा छक्का: एक और फुल टॉस, इस बार स्क्वायर लेग की दिशा में।
- तीसरा छक्का: लगातार तीसरी फुल टॉस को लॉन्ग ऑफ के पार पहुंचाया।
- चौथा छक्का: धीमी गेंद को पढ़कर लॉन्ग ऑन के ऊपर से छक्का जड़ा।
- पांचवां छक्का: आखिरी गेंद शॉर्ट थी, रिंकू ने सीधे मैदान के पार भेजकर मैच खत्म किया।
KKR ने 207 रन बनाकर 3 विकेट से अविश्वसनीय जीत दर्ज की। रिंकू सिंह 21 गेंदों पर नाबाद 48 रन बनाकर नायक बने।
रिंकू की मानसिकता: “सोचियो मत, बस लगाओ”
मैच के बाद रिंकू ने बताया कि उस ओवर के दौरान वे ज्यादा कुछ सोच नहीं रहे थे, बस हर गेंद पर प्रतिक्रिया दे रहे थे। नॉन-स्ट्राइकर छोर पर खड़े उमेश यादव ने उन्हें हौसला देते हुए कहा था कि ज्यादा सोचे बिना बस गेंद को हिट करो। कप्तान नितीश राणा ने भी उन्हें आखिर तक टिके रहने और विश्वास बनाए रखने की सलाह दी थी। रिंकू ने कहा कि पिछले सीजन में लखनऊ के खिलाफ भी उन्होंने ऐसी ही पारी खेली थी, जिससे उन्हें खुद पर भरोसा था।
क्यों खास है यह उपलब्धि?
IPL के इतिहास में एक ओवर में पांच छक्के लगाने वाले सिर्फ चार बल्लेबाज हैं, लेकिन आखिरी ओवर में, मैच जिताने की स्थिति में ऐसा करने वाले रिंकू सिंह पहले खिलाड़ी बने। इससे पहले रवींद्र जडेजा और राहुल तेवतिया जैसे खिलाड़ी यह कारनामा कर चुके थे, लेकिन उनमें से किसी ने भी आखिरी ओवर में लक्ष्य का पीछा करते हुए ऐसा नहीं किया था। यही इस पारी को सबसे अलग और खास बनाता है।
रिंकू सिंह का सफर: संघर्ष से स्टारडम तक
रिंकू सिंह की कहानी किसी फिल्म से कम नहीं है। उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ के एक साधारण परिवार से आने वाले रिंकू के पिता गैस सिलेंडर पहुंचाने का काम करते थे। आर्थिक तंगी के बावजूद उन्होंने क्रिकेट का सपना नहीं छोड़ा। KKR ने उन्हें 2018 में खरीदा था, लेकिन चोट और सीमित मौकों के कारण वे कई सालों तक बेंच पर रहे। IPL 2023 से पहले उन्हें फिनिशर की भूमिका मिली और उन्होंने इस मौके को दोनों हाथों से लपका। पांच छक्कों वाली पारी के बाद वे रातोंरात स्टार बन गए और बाद में भारतीय टीम में भी जगह बनाने में कामयाब रहे।
इस पारी का असर
रिंकू की इस पारी ने न सिर्फ KKR को जीत दिलाई, बल्कि IPL में फिनिशर की भूमिका को नई परिभाषा दी। युवा खिलाड़ियों के लिए यह संदेश था कि दबाव की स्थिति में भी शांत दिमाग से बड़े शॉट खेले जा सकते हैं। वेंकटेश अय्यर ने तो उन्हें “लॉर्ड रिंकू” की उपाधि ही दे दी। गुजरात के कप्तान राशिद खान ने भी रिंकू की तारीफ करते हुए कहा कि ऐसी पारियां T20 क्रिकेट की खूबसूरती हैं।
आज भी जब IPL के सबसे यादगार पलों की बात होती है, तो Rinku Singh 5 sixes वाली शाम सबसे ऊपर आती है। यह पारी हमें सिखाती है कि क्रिकेट में आखिरी गेंद तक हार नहीं माननी चाहिए, क्योंकि एक ओवर भी पूरे मैच की कहानी बदल सकता है।